जमुई A1 : जमुई में मध्याह्न भोजन योजना में बड़े घोटाले का मामला प्रकाश में आया है, जहां जिला शिक्षा पदाधिकारी (DEO) राजेश कुमार पर स्कूल प्रधानाध्यापकों से अवैध वसूली के गंभीर आरोपों की जांच के लिए मध्याह्न भोजन योजना के सहायक निदेशक रूपेंद्र कुमार सिंह जमुई पहुंचे।
मामला तब प्रकाश में आया जब जिले के दर्जनों सरकारी विद्यालयों में मध्याह्न भोजन योजना में अनियमितताएं पाई गईं। इसके बाद DEO, जमुई ने एक विवादास्पद आदेश जारी किया, जिसमें सभी विद्यालय प्रधानाध्यापकों से प्रतिमाह दस हज़ार रुपए की वसूली का निर्देश दिया गया। हालांकि, विवाद बढ़ने पर उन्होंने बाद में इस आदेश को निरस्त कर दिया।
मध्याह्न भोजन योजना के निदेशक के आदेश पर गठित दो सदस्यीय जांच टीम ने सोमवार से अपनी जांच शुरू की। बताया गया कि प्रारंभिक जांच में DEO पर लगे सभी आरोप सही पाए गए हैं। टीम बुधवार तक अपनी विस्तृत जांच रिपोर्ट सौंप देगी, जिसके बाद जिला शिक्षा पदाधिकारी के खिलाफ कार्रवाई की जा सकती है।
जांच टीम की मौजूदगी से शिक्षा विभाग के कर्मचारियों में हड़कंप मचा हुआ है। यह मामला राज्य के शिक्षा विभाग में भ्रष्टाचार के गंभीर आरोपों को उजागर करता है, जिससे मध्याह्न भोजन जैसी महत्वपूर्ण योजना की विश्वसनीयता पर सवाल उठ रहे हैं।

